मामूली सी बात पर निहंगों और स्थानीय व्यापारी के बीच बड़ा बवाल

मामूली सी बात पर निहंगों और स्थानीय व्यापारी के बीच बड़ा बवाल

नवक्रान्ति समाचार

उत्तराखंड के ज्योतिर्मठ में एक मामूली बात को लेकर बड़ा बवाल खड़ा हो गया। स्कूटी निकालने के विवाद ने निहंगों और स्थानीय व्यापारी के बीच हिंसक रूप ले लिया। विवाद इतना बढ़ गया कि तलवारें और चाकू निकल आए। झड़प के दौरान एक पुलिस अधिकारी पर भी जानलेवा हमला हुआ।

घटना रविवार देर शाम की बताई जा रही है, जब जोशीमठ (ज्योतिर्मठ) के पास स्थित गुरुद्वारे के बाहर स्कूटी निकालने को लेकर निहंगों और एक स्थानीय व्यापारी के बीच कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते मामला गरमाया और बहस झगड़े में बदल गई।

तलवार और फरसे लेकर उतरे निहंग

आरोप है कि निहंग समुदाय के लोगों ने तलवारें, दोधारी हथियार, चाकू और फरसे निकाल लिए। समय रहते व्यापारी किसी तरह जान बचाकर निकल गया। लेकिन इसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस की टीम पर भी हमला कर दिया गया।

एसएसआई पर धारदार हथियार से हमला

पुलिस द्वारा विवाद को शांत करने की कोशिश की जा रही थी, तभी एक निहंग युवक अमृतपाल सिंह ने एसएसआई के सिर पर चाकू से हमला कर दिया। हमले में एसएसआई को दो गंभीर चोटें आईं और उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया।

थाने में भी बढ़ा तनाव

जैसे ही घटना की सूचना फैली, बड़ी संख्या में व्यापारी भी थाने पहुंच गए। इस दौरान थाने में भी माहौल तनावपूर्ण हो गया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए सभी आरोपियों को हिरासत में ले लिया।

7 आरोपी गिरफ्तार, एक नाबालिग भी हिरासत में

पुलिस ने इस मामले में दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज की हैं — एक पुलिस अधिकारी की शिकायत पर और दूसरी व्यापारियों की ओर से। कुल 7 निहंगों को गिरफ्तार किया गया है और एक नाबालिग को हिरासत में लिया गया है।

गिरफ्तार आरोपियों की सूची:

हरप्रीत सिंह – फतेहगढ़, पंजाब

अमृतपाल सिंह – फतेहगढ़, पंजाब

हरप्रीत – फतेहगढ़, पंजाब

बिंदर सिंह – फतेहगढ़, पंजाब

गरजा सिंह – फतेहगढ़, पंजाब

हरजोत सिंह – फतेहगढ़, पंजाब

भोला सिंह – फतेहगढ़, पंजाब

आगे की जांच जारी

पुलिस ने बताया कि घटना में प्रयुक्त हथियार जब्त कर लिए गए हैं। सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और उनके खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।

इस घटना ने स्थानीय लोगों में रोष पैदा कर दिया है और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े हुए हैं। प्रशासन ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए हैं।